Subscribe for notification
Categories: National

किसानों को बुलाकर नदारद हुए कृषि मंत्री, किसानों ने मंत्रालय में लगाए नारे

नई दिल्ली. जिन कृषि कानूनों की प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आए दिन तारीफ कर विपक्ष को गरिया रहे हैं, उन्हीं कानूनों को केन्द्रीय कृषि मंत्री की तवज्जो नहीं मिलने से आंदोलनकारी किसान नाराज हो गए और उन्होंने कृषि मंत्रालय के बाहर कानूनों की प्रतियां फाड़कर विरोध जताया।
असल में पंजाब में प्रदर्शन कर रहे करीब 30 किसान संगठनों के नेताओं को केंद्र ने बातचीत के लिए बुलाया। लेकिन बातचीत से केंद्रीय कृषि मंत्री ही गायब रहे। जिससे किसानों ने बीच में ही बैठक छोड़कर वॉक आउट कर दिया।

सचिव पहुंचे, मंत्री नदारद

किसान संगठनों के प्रतिनिधि दिल्ली में कृषि मंत्रालय पहुंचे तो कृषि सचिव ने उनसे मुलाकात की. लेकिन बैठक में कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर नहीं पहुंचे। जिससे किसान संगठनों के प्रतिनिधि नाराज हो गए। मंत्री नहीं पहुंचे तो किसानों ने मंत्रालय में नारे लगाए।
न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार एक किसान नेता ने कहा कि वे बातचीत से बिल्कुल भी संतुष्ट नहीं हैं। इसीलिए मीटिंग छोड़कर बाहर आ गए। हम चाहते हैं कि ये काले कानून खत्म किए जाएं। कृषि सचिव ने कहा कि वो हमारी मांगों को आगे तक पहुंचाएंगे। एक अन्य किसान नेता ने कहा कि कृषि मंत्री बैठक में नहीं पहुंचे, इसीलिए वॉक आउट करना पड़ा। सरकार को इन कानूनों को वापस लेना होगा।

उल्लेखनीय है कि संसद के मानसून सत्र में कृषि के तीन बिल पास कराए गए हैं लेकिन इनका विरोध हो रहा है। कृषि कानूनों को लेकर देशभर में कई जगहों पर प्रदर्शन के साथ ही किसान संगठन सड़कों पर हैं।