Warning: session_start(): open(/var/cpanel/php/sessions/ea-php56/sess_45757d1e888588e923c4af4b59ab7601, O_RDWR) failed: No such file or directory (2) in /home/mobilepenews/public_html/wp-content/plugins/accelerated-mobile-pages/includes/redirect.php on line 261

Warning: session_start(): Failed to read session data: files (path: /var/cpanel/php/sessions/ea-php56) in /home/mobilepenews/public_html/wp-content/plugins/accelerated-mobile-pages/includes/redirect.php on line 261
उच्च न्यायालय में गवाही देने वालों को खतरा, सरकार कर रही है सुरक्षा का इंतजाम - Mobile Pe News
Sunday , February 23 2020
Home / National / उच्च न्यायालय में गवाही देने वालों को खतरा, सरकार कर रही है सुरक्षा का इंतजाम

उच्च न्यायालय में गवाही देने वालों को खतरा, सरकार कर रही है सुरक्षा का इंतजाम

नैनीताल, उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने गवाहों की सुरक्षा के मामले में सरकार को पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिये हैं। उच्च न्यायालय ने सरकार को छह माह के भीतर इस मामले में पुलिस अधिनियम में संशोधन करने को कहा है।

Supreme-Court
Supreme-Court

 

उच्च न्यायालय ने यह महत्वपूर्ण आदेश अपर जिला जज देहरादून की अदालत से आजीवन कारावास की सजा पाये तीन अभियुक्तों की याचिका को खारिज करते हुए दिया। इसके साथ ही उच्च न्यायालय ने निचली अदालत के आदेश को भी बरकरार रखा। मामले के अनुसार देहरादून निवासी पदमा मिश्रा ने 20 जुलाई 2008 को देहरादून के एक थाने में प्राथमिक दर्ज कराते हुए कहा कि उसके पुत्र मोनू मिश्रा की तीन अभियुक्तों प्रमोद शर्मा, बलबीर सिंह नेगी व ब्रजमोहन उर्फ बिज्जी ने हत्या कर दी थी।

इस मामले में अपर जिला जज देहरादून की अदालत में 17 मार्च 2017 को तीन दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनायी थी।  इस फैसले को तीनों दोषियों ने उच्च न्यायालय में चुनौती दी। सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के संज्ञान में आया कि दोषियों द्वारा गवाहों को डराया धमकाया जा रहा है। जिस पर न्यायमूर्ति राजीव शर्मा व न्यायमूर्ति आलोक सिंह की खंडपीठ ने निर्देश दिये कि गवाहों की सुरक्षा के लिये राज्य सरकार छह माह के अंदर पुलिस अधिनियम में संशोधन कर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करे।

साथ ही गवाहों के परिवार को भी उचित सुरक्षा मुहैया कराये। पुलिस गवाहों के घर के आसपास सीसीटीवी कैमरे लगाये और जरूरत पड़ने पर गश्त करे। इसके साथ साथ पुलिस गवाहों के फोन नंबर भी अपने पास रखे। इसके साथ ही खंडपीठ ने जघन्य अपराधों के गवाहों के अनुरोध पर उनकी पहचान को बदलने के भी निर्देश दिये हैं। उच्च न्यायालय ने फौजदारी अदालतों को निर्देश दिये हैं कि वह गवाही के दिन उनके बैठने व आराम करने के लिये अलग कक्ष की व्यवस्था करे। न्यायालय ने गवाही के दिन गवाही भत्ता के साथ साथ अगले दिन तक गवाही के लिये ठहरने व खाने की व्यवस्था करने की भी निर्देश दिये हैं।

About panchesh kumar

Check Also

भारत में यूनानी चिकित्सा के पितामह हकीम अजमल खां को भारत रत्न दिया जाए— यूनानी कांग्रेस

नई दिल्ली. जिस हस्ती ने देश के स्वतंत्रता आंदोलन में शिरकत करते हुए भी प्राचीन …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *