Acupressure therapy: छरहरा होना चाहते हैं तो एक्यूप्रेशर से कम करें अपना वजन

Acupressure therapy:चिकित्सा क्षेत्र में लगभग सभी बीमारियों का इलाज संभव है। लेकिन कहीं दवाइयों का इस्तेमाल होता है, तो कहीं जड़ी-बूटियों का। कुछ लोग ऐसे भी हैं जो योग का सहारा लेते हैं। इसके अतिरिक्त शारीरिक समस्याओं को दूर करने के लिए एक्यूप्रेशर पद्धति से भी इलाज किया जा सकता है।

एक्यूप्रेशर एक थेरेपी है, जिसका उपयोग शरीर के कुछ विशेष बिंदुओं को दबाकर किया जाता है। उन्हीं बिंदुओं को एक्यूपॉइंट कहा जाता है। एक्यूपॉइंट को दबाने से शरीर के स्ट्रेस हार्मोन के साथ-साथ अन्य जरूरी हार्मोन को नियंत्रित किया जा सकता है जो थकावट और दर्द से निजात दिलाने में मददगार साबित हो सकते हैं। एक्यूपॉइंट को दबाने से रक्त संचार में भी सुधार होता है।

तनाव को कम करती है एक्यूप्रेशर थेरेपी

अगर तनाव को दूर करना चाहते हैं तो एक्यूप्रेशर एक आसान और सुरक्षित तकनीक हो सकती है। यह थेरेपी नसों पर दबाव के माध्यम से मस्तिष्क की कार्यप्रणाली को नियंत्रित करने में मदद करती है, जिससे स्ट्रेस हार्मोन को नियंत्रित कर तनाव को कम किया जा सकता है। एक्यूप्रेशर से तनाव के साथ-साथ किडनी रोगियों को होने वाली चिंता और सामान्य मनोवैज्ञानिक समस्या को भी कम किया जा सकता है।

प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत करती है एक्यूप्रेशर थेरेपी

नेशनल सेंटर फॉर बायोटेक्नोलॉजी इंफोरफेशन (NCBI) के शोध के अनुसार, एक्यूप्रेशर प्रतिरक्षा प्रणाली में सुधार करने में कारगर होता है। एक्यूप्रेशर से त्वचा की सतह पर उंगलियों के उपयोग से प्रमुख बिंदुओं को दबाए जाने पर शरीर में ऊर्जा के प्रवाह को नियंत्रित किया जा सकता है। ऊर्जा का प्रभाव प्रतिरक्षा प्रणाली को बूस्ट करने के साथ-साथ अन्य शारीरिक समस्याओं को भी दूर करने में कारगर हो सकता है

वजन कम करना है तो एक्यूप्रेशर थेरेपी कराएं

अगर बिना किसी एक्सरसाइज के वजन कम चाहते हैं तो एक्यूप्रेशर विधि का इस्तेमाल करें। नाभि से करीब तीन सेमी नीचे मौजूद प्वाइंट को दबाएं, क्योंकि इससे पाचन तंत्र मजबूत होता है और भूख भी कंट्रोल में रहती है। जिसके कारण ओवरइटिंग से बचे रहते हैं और वजन कंट्रोल होता है। इस विधि का उपयोग हफ्ते में तीन बार जरूर करें।
एक्यूप्रेशर विधि तनाव दूर करने, प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने और वजन कम करने के अलावा कई और समस्याओं से भी निजात दिलाने में कारगर है। एक्यूप्रेशर से त्वचा से जुड़ी समस्याओं से भी छुटकारा मिल सकता है।
एक्यूप्रेशर थेरेपी अपनाने से पहले शरीर में मौजूद एक्यूपॉइंट के बारे में सही जानकारी होना जरूरी है। प्रत्येक एक्यूपॉइंट पर मालिश व दबाव डालकर भी इस थेरेपी को सक्रीय बनाया जा सकता है। एक्यूपॉइंट की मालिश करवाते समय हमेशा शांत और सामान्य रूप से सांस लेते रहना जरूरी है। अगर एक्यूपॉइंट के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं है तो किसी ट्रेनर की सहायता से इस थेरेपी को अपनाएं।